कुमार गौरव
बांदा। जल शक्ति राज्य मंत्री रामकेश निषाद के औचक निरीक्षण ने बांदा जिले में विकास कार्यों के संचालन में खलबली मचा दी। अपने विधानसभा क्षेत्र तिंदवारी के अंतर्गत चल रहे एक निर्माणाधीन सड़क पुल कार्य का निरीक्षण करते हुए मंत्री ने गुणवत्ताहीन निर्माण के तथ्यों से नाराजगी जताते हुए संबंधित अधिकारियों को सख्त चेतावनी दी है।

मंत्री निषाद शनिवार को अचानक पैलानी गलौली से सिंधन कलाँ लसड़ा मार्ग पर निर्माणाधीन “दीर्घ सेतु पहुंच मार्ग एवं सुरक्षात्मक निर्माण कार्य” के स्थल पर पहुंच गए। इस आकस्मिक जांच से कार्यदाई एजेंसी व जिम्मेदार अधिकारियों में हड़कंप मच गया। निर्माण स्थल पर मंत्री ने नक्शा एवं बजट अनुमान (स्टीमेट) के आधार पर कार्य की विस्तृत जांच की तथा इंजीनियरिंग दृष्टिकोण से कार्य की गुणवत्ता का आकलन किया। मौके पर मंत्री ने गुणवत्ता के मानकों पर खरा न उतर पाने वाले कार्यों को तुरंत चिह्नित किया। सीमेंट-रेत के अनुपात, लोहे की सीढ़ियों की गुणवत्ता, तथा बेसमेंट के निर्माण तरीके में कई गड़बड़ियां पाई गईं। इस पर रामकेश निषाद ने स्पष्ट कहा कि विकास के नाम पर आम जनता के पैसे की लूट बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

“हमारे क्षेत्र में विकास का उफान है, लेकिन कुछ भ्रष्ट अधिकारी एवं ठेकेदार बेनियमी तरीकों से काम कर जनता के धन को लूट रहे हैं,” मंत्री ने कहा। “जो भी गुणवत्ता के नियमों का उल्लंघन करेगा, उसके खिलाफ कार्रवाई सख्ती से की जाएगी। मैं खुद निरीक्षण करूंगा और किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं करूंगा।” मंत्री ने जिला प्रशासन एवं संबंधित विभाग के अधिकारियों को तत्काल सुधारात्मक कार्यवाही के निर्देश देते हुए सभी निर्माण कार्यों को सख्त मानकों के तहत पूरा करने की हिदायत दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि भविष्य में निरीक्षण अनियमित अंतराल पर जारी रहेगा ताकि जनहित की योजनाएं पारदर्शिता एवं दक्षता के साथ पूरी हो सकें। स्थानीय निवासियों ने मंत्री के इस कदम की सराहना करते हुए कहा कि लंबे समय से इस मार्ग के निर्माण कार्य में देरी एवं गुणवत्ताहीन कार्य को लेकर आक्रोश था। रामकेश निषाद के औचक निरीक्षण से लोगों को विश्वास हुआ है कि विकास के नाम पर झूठे आंकड़े बनाने वाले तंत्र पर अब नकेल कसी जाएगी।
इस घटना के बाद जिला प्रशासन ने एक विशेष टास्क फोर्स का गठन करने की घोषणा की है, जो सभी चल रहे सार्वजनिक निर्माण कार्यों की नियमित जांच करेगी और गड़बड़ियों की रिपोर्ट मंत्री के पास सीधे पहुंचाएगी। राज्य मंत्री रामकेश निषाद के इस कदम ने न केवल बांदा में विकास कार्यों में पारदर्शिता को बढ़ावा दिया है, बल्कि भ्रष्टाचार के खिलाफ मजबूत संकेत भी दिए हैं।










