March 14, 2026 7:20 am

मध्य प्रदेश अवैध बालू परिवहन” में “यूपी का छुड़ा रहा छक्का” : माफिया और जयचंदों की चांदी।

कुमार गौरव

बांदा। मध्य प्रदेश इन दिनों बालू खनन एवं परिवहन में यूपी प्रशासन के छक्के छुड़ा रहा है। इसमें यूपी के बांदा जिले के जयचंदों की भी सहभागिता है। इसमें कुछ प्रशासनिक एवं विभागीय जिम्मेदारों की भी शह है। गाहे -बगाहे ओवर लोड खनिज परिवहन की धर -पकड़ की मिली भगत रणनीति तो कभी औचक निरीक्षण को भी सहृदयता से अंजाम दिया जाता है। इसका नजारा भी यदा -कदा ट्रकों कें पकड़े जाने का सुर्खियों में बनता है।वैसे फंडा यह है कि सोची -समझी दस्तूर के तहत खनिज, परिवहन और पुलिस विभाग की संयुक्त टीम ओवरलोडिंग के खिलाफ जांच अभियान चलातें हैं। फिर इस खेल के पतंग में ढील दे दी जाती है। परिवहन में माईनिंग टैग का भी खुला उलंघन हो रहा है।

उधर, “धरपकड़ अभियान की कथित इस नौटंकी” में ओवरलोड ट्रक रात में गांव की गलियों में छिप जातें हैं। टीम के जाने के बाद “सैकड़ों ट्रक बैरियर से बाइज्ज्त” निकाल दिये जाते हैं! मध्य प्रदेश की खदानों से बालू लेकर नरैनी, गिरवां,मटौंध थाना क्षेत्र कें बसहरी रोड की तरफ से आने वाले ज्यादातर ट्रक ओवरलोड निकल रहे है।

वैसे आपको बता दें कि संयुक्त चेकिंग को लेकर ओवरलोड ट्रक व डंपर चालकों में तय शुदा रिहर्सल की तरह हलचल मच जाती है। रात के अंधेरे में गांव की गलियों और जंगल में पेड़ों की आड़ में ट्रक-डंपर छिप जातें हैं ,मानों “भूसे के ढ़ेर में सुई छिप गई” हो। इसमें “लोकेशन बाजों” की “महत्व पूर्ण भूमिका” होती है। “दलाली की रकम की जेबों में हनक” हो जाती है। टीम अधिकारियों की पल-पल की खबर ट्रक चालकों और मालिकों तक पहुंचाते हैं? एवज में प्रति ट्रक “मोटे रुपये भेंट में” मिलते हैं? रास्ता किलियर के संकेत मिलते ही ट्रक-डंपर चालकों में “शहर से बाहर निकलने की होड़” रोजाना मची रहती है।

Leave a Comment

और पढ़ें

Cricket Live Score

Rashifal

और पढ़ें