कुमार गौरव
बांदा। बागेश्वर धाम सरकार की हनुमंत कथा के चौथे दिन धीरेन्द्र शास्त्री नें हनुमान जी की भक्ति, राम नाम के महत्व और भक्तों के जीवन में उनके प्रभाव पर जोर दिया। साधकों को भगवान के करीब लाने और सांसारिक कष्टों से मुक्ति दिलाने के लिए हनुमान जी की कृपा का वर्णन किया। कहा ढोंग सें नहीं ढंग सें जिओगें तो ईश्वरीय कृपा बरसेगी।

कथा वाचक धीरेन्द्र शास्त्री नें हनुमान जी की महिमा की आध्यात्मिक व्याख्या करते हुये कहा की हनुमान जी भक्तों के हृदय में भक्ति जगाते हैं,जिससे भगवान भक्त के पास स्वयं आते हैं। उन्होंने राम नाम का महत्व का वर्णन किया। कहा की ‘श्री राम’ का नाम जपने से आराम मिलता है और सांसारिक कष्ट दूर होते हैं।

भक्ति और साधना पर प्रकाश डालते हुये कहा की गुरु कृपा से आत्म-साक्षात्कार और साधना मार्ग में आगे बढ़ने का मार्ग प्रशस्त होता है। कथा वाचक धीरेन्द्र शास्त्री की कथा का सार यह था की हनुमान जी की भक्ति से स्वतः राम जी से मिलन, राज्य-पाठ (सुख-समृद्धि) मिल जाती है।

इस तरह कथा वाचक नें हनुमान जी की कृपा से भक्ति जगाने और जीवन को सफल बनाने पर ध्यान केंद्रित कराया। जिसके लिए उन्होंने ‘श्री राम’ नाम का जाप और भक्तिपूर्ण आचरण आवश्यक बताया।












