कुमार गौरव
बांदा। जल शक्ति राज्य मंत्री रामकेश निषाद ने अंतरराष्ट्रीय दिव्यांगजन दिवस के मौके पर दिव्यांगजनों के संघर्ष और प्रतिभा को सराहा। उन्हें ‘जीवन संघर्ष में कामयाबी का अनमोल रत्न’ बताया। उन्होंने कहा कि दिव्यांग जनों की अदम्य इच्छाशक्ति, आत्मविश्वास और विपरीत परिस्थितियों को भी अनुकूल बना लेने का आत्मबल समाज के लिए प्रेरणास्रोत है।

राज्य मंत्री रामकेश निषाद अटल भारतीय हिन्दू फाउंडेशन दिव्यांग प्रकोष्ठ द्वारा आयोजित कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर उन्होंने विशिष्ट दिव्यांगजनों को उनकी उपलब्धियों के लिए सम्मानित भी किया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राज्य मंत्री रामकेश निषाद ने कहा कि दिव्यांगजन किसी भी मायने में कमजोर नहीं होते, बल्कि वे विपरीत परिस्थितियों से लड़कर सफलता प्राप्त करने का अद्भुत उदाहरण पेश करते हैं। उन्होंने कहा, “हम दिव्यांगजनों की अदम्य इच्छाशक्ति, उनकी प्रतिभा और उनके आत्मविश्वास को नमन करते हैं।

राज्य मंत्री रामकेश ने इस मौके पर केंद्र और राज्य सरकार की दिव्यांगजनों के प्रति प्रतिबद्धता को भी दोहराया। कहा कि हमारी सरकार दिव्यांगजनों के अधिकार, सम्मान और समान अवसरों के सृजन के लिए सतत रूप से प्रयासरत है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश में समावेशी विकास की दिशा में कार्य किया जा रहा है। उन्होंने विश्वास दिलाया कि समाज के हर वर्ग के सहयोग से एक ऐसे उत्तर प्रदेश का निर्माण किया जा रहा है, जहाँ कोई भी चुनौती किसी भी नागरिक की प्रगति में बाधा नहीं बन पाएगी।













