कुमार गौरव
बांदा। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की पुण्यतिथि ‘शहीद दिवस’ के अवसर पर जिला कांग्रेस कमेटी द्वारा श्रद्धांजलि समारोह का आयोजन किया गया। इस दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने महात्मा गांधी के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उनके आदर्शों और राष्ट्र के प्रति अतुलनीय योगदान को नमन किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजेश दीक्षित ने अपने संबोधन में गांधी जी के जीवन दर्शन और स्वतंत्रता संग्राम में उनके नेतृत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा, “सत्य और अहिंसा का ही नाम गांधी है। उन्होंने देश की आजादी के लिए असहयोग आंदोलन, विदेशी कपड़ों का बहिष्कार, नमक सत्याग्रह और अंग्रेजों भारत छोड़ो जैसे ऐतिहासिक आंदोलनों का सफल नेतृत्व किया। देशप्रेम की भावना को बलवती करने के लिए उन्होंने देश भ्रमण कर युवाओं के अंदर क्रांति का संचार किया। उनका योगदान कभी भुलाया नहीं जा सकता।”

दीक्षित ने गांधी जी के बांदा से ऐतिहासिक नाते को भी याद किया। उन्होंने बताया कि सन् 1929 में महात्मा गांधी जेबी कृपलानी, महादेव देसाई और माता कस्तूरबा गांधी के साथ बांदा आए थे। वे यहाँ कुंवर हरप्रसाद सिंह की कोठी पर ठहरे थे और शहर के प्रमुख क्रांतिकारियों के साथ आजादी की रणनीति पर महत्वपूर्ण चर्चा की थी। इस दौरान उन्होंने शहर में एक प्रभात फेरी भी निकाली थी, जिसमें ‘बंदे मातरम्’ और ‘भारत माता की जय’ के उद्घोष से क्षेत्र में देशभक्ति की लहर दौड़ गई थी।

इस अवसर पर कांग्रेस शहर अध्यक्ष अफसाना शाह, एआईसीसी सदस्य प्रद्युम्न कुमार लालू दुबे, पीसीसी सदस्य पवन देवी कोरी, कार्यालय प्रभारी शिवबली सिंह, रमेश चंद्र द्विवेदी और जिला महामंत्री एवं मीडिया प्रभारी सत्यप्रकाश द्विवेदी सहित पार्टी के कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे। इस कार्यक्रम के माध्यम से न केवल राष्ट्रपिता को भावभीली श्रद्धांजलि दी गई, बल्कि बांदा जिले के स्वतंत्रता आंदोलन में ऐतिहासिक योगदान को भी पुनः याद किया गया। सभी उपस्थित लोगों ने गांधी जी के सिद्धांतों को अपनाने और देश की एकता व अखंडता को बनाए रखने का संकल्प लिया।











