कुमार गौरव
बाँदा। जिलाधिकारी जे.रीभा की अध्यक्षता में नगर पालिका और नगर पंचायतों द्वारा टाइड एवं अनटाइड फंड से किए जाने वाले विकास कार्यों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले के विभिन्न नगरीय क्षेत्रों में जल आपूर्ति, स्वच्छता, सड़क निर्माण, स्ट्रीट लाइटिंग एवं अन्य सुविधाओं से संबंधित महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। डीएम जे. रीभा ने मटौंध क्षेत्र में घर-घर पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए तत्काल कार्य शुरू करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही उन्होंने नगर पालिका क्षेत्र में हाईमास्क लाइट एवं एमआरएफ (MRF) सेंटर के लिए सड़क निर्माण कार्य की स्वीकृति प्रदान की। उन्होंने कान्हा गौशाला में बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए जनरेटर व्यवस्था के लिए भी सहमति व्यक्त की। जिलाधिकारी ने नगर पंचायत बिसण्डा में जलभराव वाले स्थानों पर सीसी रोड निर्माण, नाली निर्माण एवं गर्मी के मौसम में पेयजल की निरंतर उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए सार्वजनिक स्थानों पर वाटर कूलर लगाए जाने की मंजूरी दी। डीएम ने तालाब के किनारे सुरक्षा उपाय के तौर पर फेंसिंग कराने के निर्देश दिए तथा एमआरएफ सेंटर में टीनशेड लगाने के लिए भी निर्देश जारी किए।

नगर पंचायत नरैनी में आंगनबाड़ी केंद्रों के निर्माण, नाली निर्माण तथा नए उद्यानों के विकास पर भी उन्होंने सहमति दी। इसके साथ ही, नरैनी में यातायात जाम की समस्या को ध्यान में रखते हुए सब्जी व फल विक्रेताओं के लिए विशेष वेंडिंग जोन का निर्माण कराने का निर्णय लिया गया। ग्रामीण क्षेत्रों में सड़कों के किनारे स्ट्रीट लाइट की व्यवस्था कराने के लिए भी डीएम ने अधिकारियों को निर्देशित किया। बाँदा नगर पालिका क्षेत्र में सीसी रोड निर्माण, घरों तक नल-जल की पहुँच, स्वच्छता एवं पर्यावरण संरक्षण के लिए वृक्षारोपण कार्य को भी तेज करने के निर्देश दिए गए। महत्वपूर्ण रूप से, डीएम ने एमआरएफ सेंटर में एकत्र कचरे के उचित निस्तारण के साथ-साथ घर-घर कचरा संग्रहण व्यवस्था को सुदृढ़ करने पर जोर दिया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि नागरिकों को अलग-अलग कचरे (नम व सूखा) के लिए घरेलू डिब्बे उपलब्ध कराए जाएँ, ताकि प्रभावी तरीके से कचरा पृथक्करण एवं निपटान सुनिश्चित हो सके।

बैठक में अपर जिलाधिकारी कुमार धर्मेन्द्र,अतिरिक्त मजिस्ट्रेट इरफानउल्ला खान, सभी नगर पालिका एवं नगर पंचायतों के अध्यक्ष तथा संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को निर्धारित समय सीमा के भीतर कार्यों को पूरा करने का निर्देश दिया तथा निगरानी बैठकों के माध्यम से प्रगति की समीक्षा जारी रखने की बात कही।










