विनोद मिश्रा
बाँदा।शहर के आसमान पर मंडराते बिजली और केबल के तारों के मकड़जाल से अब जल्द मुक्ति मिल सकती है। भारतीय जनता पार्टी के पूर्व जिला अध्यक्ष अशोक त्रिपाठी ‘जीतू’ ने इस दिशा में बड़ी पहल की है। उन्होंने मुख्यमंत्री को सुझाव पत्र भेजकर नगर में अंडरग्राउंड केबल व्यवस्था लागू करने की मांग उठाई है। उनका कहना है कि इससे बाँदा स्वच्छ, सुंदर, सुरक्षित और आधुनिक बनेगा। अशोक त्रिपाठी ‘जीतू’ ने यह सुझाव पत्र मुख्यमंत्री, ऊर्जा मंत्री,अधिशासी अभियंता, विद्युत विभाग के अधिकारियों, और जनप्रतिनिधियों को भेजा है। इस मुहिम में गंभीरता से पहल का अनुरोध किया है।

पूर्व जिलाध्यक्ष जीतू ने बताया कि अंडरग्राउंड केबल व्यवस्था से शहर का स्वरूप स्वच्छ,सुंदर और व्यवस्थित होगा। आंधी, बारिश और तूफान से होने वाले फाल्ट और विद्युत व्यवधान में कमी आएगी। विद्युत विभाग के रखरखाव और मरम्मत खर्च में कटौती होगी। लाइन लॉस और तकनीकी हानियों में कमी से विभागीय राजस्व बढ़ेगा। आम नागरिकों को अधिक सुरक्षित और बेहतर विद्युत सेवाएं मिलेंगी। भविष्य की स्मार्ट सिटी और आधुनिक अवसंरचना के लिए मजबूत नींव तैयार होगी। दुर्घटनाओं की संभावना घटेगी और जीवन एवं संपत्ति की सुरक्षा होगी।

अशोक त्रिपाठी ने कहा कि हमीरपुर और चित्रकूट में अंडरग्राउंड केबल का प्रयोग सफल रहा है। बाँदा भी इस मॉडल को अपनाकर मिसाल बन सकता है। खुले तारों से हर साल कई हादसे होते हैं। बारिश में करंट का खतरा बना रहता है। अंडरग्राउंड सिस्टम से ये सारी दिक्कतें खत्म हो जाएंगी। अशोक जीतू का फिलहाल यह सुझाव पत्र चर्चा का विषय है। अगर अंडरग्राउंड केबल व्यवस्था लागू होती है तो बाँदा की तस्वीर बदल जाएगी और तारों का मकड़जाल इतिहास बन जाएगा।










