कुमार गौरव
बांदा। माननीय जलशक्ति राज्य मंत्री श्री रामकेश निषाद ने आज ओलावृष्टि, अतिवृष्टि एवं आंधी-तूफान से प्रभावित किसानों के लिए त्वरित राहत के उपायों का आदेश दिया। इस दौरान उन्होंने संबंधित अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से प्रभावित किसानों की फसलों का स्थलीय सर्वेक्षण कराकर प्रदेश सरकार की निर्देशानुसार 100 प्रतिशत आर्थिक मुआवजा तत्काल वितरित करने के निर्देश जारी किए। गत शनिवार और रविवार को हुए दैवीय आपदा के कारण लगभग तीन दर्जन गांवों की तैयार फसलें पूरी तरह बर्बाद हो गई हैं। इस आपदा के बाद कई किसानों ने राज्य मंत्री को फोन के माध्यम से अपनी व्यथा सुनाई और सहायता की अपील की।

इसी क्रम में आज सुबह माननीय राज्य मंत्री रामकेश निषाद के आवासीय कैम्प कार्यालय में लगभग आधे सैकड़ा किसानों ने उनसे मुलाकात की। किसानों ने आसमानी आपदा के दौरान हुई विनाश की जमीनी हकीकत सुनाई। उन्होंने बताया कि ओलावृष्टि और तेज आंधी से उनकी गेहूं, चना, मसूर आदि फसलें पूरी तरह नष्ट हो गई, जिससे उनके आर्थिक हालात गंभीर हो गए हैं। मौके पर मौजूद किसानों ने सरकार से तत्काल मदद की गुहार लगाई। इस पर राज्य मंत्री ने तुरंत जिलाधिकारी श्रीमती जे रीभा से फोन पर संपर्क किया और प्रभावित क्षेत्रों में त्वरित सर्वेक्षण एवं तत्काल राहत प्रदान करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा, “किसान हमारे समाज की रीढ़ हैं। प्रकृति के हाथों हुए नुकसान में उनकी हर संभव सहायता करना सरकार की प्राथमिकता है। प्रदेश सरकार के निर्देशानुसार प्रभावित सभी किसानों को 100 प्रतिशत मुआवजा दिया जाएगा और यह प्रक्रिया अत्यंत पारदर्शी तरीके से पूरी की जाएगी।”

इस दौरान मुलाकात में चेयरमैन नगर पंचायत मटौध श्री सुधीर सिंह, ग्राम प्रधान खप्टीहा कला श्रीमती मैना निषाद, पूर्व प्रधान तेरहीमाफी श्री राज नारायण, श्री प्रकाश सेंगर (सिंधन कला), श्री रामराज सिंह (पडोहरा), श्री जगपत सिंह (विछावाही के प्रतिनिधि), ग्राम प्रधान जसपुरा श्री राजू सिंह, श्री बाबूराम (तनगामऊ), एवं प्रगतिशील महिला किसान श्रीमती आशा त्रिवेदी (ग्राम करहिया) सहित अनेक ग्रामीण नेता और किसान मौजूद रहे। किसानों ने राज्य मंत्री के त्वरित हस्तक्षेप के प्रति आभार व्यक्त किया और कहा कि उनकी व्यथा को सुनने और तत्काल समाधान के प्रयास के लिए वे आभारी हैं। प्रशासन के सूत्रों ने बताया कि जिला प्रशासन द्वारा तत्काल सर्वेक्षण दल गठित कर दिए गए हैं और अगले 72 घंटों में प्रारंभिक रिपोर्ट तैयार की जाएगी, जिसके आधार पर राहत राशि जल्द से जल्द वितरित की जाएगी। राज्य मंत्री श्री रामकेश निषाद ने यह भी आश्वासन दिया कि वे पूरी प्रक्रिया पर निरंतर नजर रखेंगे और किसी भी योग्य किसान को राहत से वंचित नहीं रहने दिया जाएगा।











